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एक सप्ताह में पवित्र भूमि · पड़ाव 11 · दिन 4
यरदन पर कस्र अल-यहूद

बाइबल में
यीशु गलील से यरदन पर यूहन्ना से बपतिस्मा लेने आया। इस्राएली यरीहो के सामने नदी पार उतरे; यरीहो के पास एलिय्याह और एलीशा सूखी भूमि पर होकर उसे पार कर गए।
उस समय यीशु गलील से यरदन के किनारे पर यूहन्ना के पास उससे बपतिस्मा लेने आया। परन्तु यूहन्ना यह कहकर उसे रोकने लगा, “मुझे तेरे हाथ से बपतिस्मा लेने की आवश्यकता है, और तू मेरे पास आया है?” यीशु ने उसको यह उत्तर दिया, “अब तो ऐसा ही होने दे, क्योंकि हमें इसी रीति से सब धार्मिकता को पूरा करना उचित है।” तब उसने उसकी बात मान ली। और यीशु बपतिस्मा लेकर तुरन्त पानी में से ऊपर आया, और उसके लिये आकाश खुल गया; और उसने परमेश्वर की आत्मा को कबूतर के समान उतरते और अपने ऊपर आते देखा। और यह आकाशवाणी हुई, “यह मेरा प्रिय पुत्र है, जिससे मैं अत्यन्त प्रसन्न हूँ।”और सन्दूक के उठानेवाले यरदन पर पहुँचे, और सन्दूक के उठानेवाले याजकों के पाँव यरदन के तट के जल में पड़े (यरदन का जल तो कटनी के समय के सब दिन अपने तट के ऊपर-ऊपर बहा करता है), तब जो जल ऊपर की ओर से बहा आता था वह बहुत दूर, अर्थात् आदाम नगर के पास जो सारतान के निकट है रुककर एक ढेर हो गया, और दीवार सा उठा रहा, और जो जल अराबा का ताल, जो खारा ताल भी कहलाता है उसकी ओर बहा जाता था, वह पूरी रीति से सूख गया; और प्रजा के लोग यरीहो के सामने पार उतर गए। और याजक यहोवा की वाचा का सन्दूक उठाए हुए यरदन के बीचों बीच पहुँचकर स्थल पर स्थिर खड़े रहे, और सब इस्राएली स्थल ही स्थल पार उतरते रहे, अन्त में उस सारी जाति के लोग यरदन पार हो गए।और भविष्यद्वक्ताओं के दल में से पचास जन जाकर उनके सामने दूर खड़े हुए, और वे दोनों यरदन के किनारे खड़े हुए। तब एलिय्याह ने अपनी चद्दर पकड़कर ऐंठ ली, और जल पर मारा, तब वह इधर-उधर दो भाग हो गया; और वे दोनों स्थल ही स्थल पार उतर गए। उनके पार पहुँचने पर एलिय्याह ने एलीशा से कहा, “इससे पहले कि मैं तेरे पास से उठा लिया जाऊँ जो कुछ तू चाहे कि मैं तेरे लिये करूँ, वह माँग।” एलीशा ने कहा, “तुझ में जो आत्मा है, उसका दो गुना भाग मुझे मिल जाए।” एलिय्याह ने कहा, “तूने कठिन बात माँगी है, तो भी यदि तू मुझे उठा लिये जाने के बाद देखने पाए तो तेरे लिये ऐसा ही होगा; नहीं तो न होगा।” वे चलते-चलते बातें कर रहे थे, कि अचानक एक अग्निमय रथ और अग्निमय घोड़ों ने उनको अलग-अलग किया, और एलिय्याह बवंडर में होकर स्वर्ग पर चढ़ गया।परंपरा
बीजान्टिन समय से चली आ रही परंपरा के अनुसार यीशु का बपतिस्मा नदी के इसी मोड़ पर हुआ। पूर्वी तट, अल-मग़तस, यही परंपरा रखता है; तीर्थयात्री दोनों स्थानों पर आते हैं।
आज यहाँ
सीढ़ियाँ और लकड़ी के चबूतरे संकरी, मटमैली नदी तक उतरते हैं; पास में कई कलीसियाओं के मठ हैं। तीर्थयात्री पानी में उतरते हैं, बहुत से सफ़ेद वस्त्रों में।
पुराने तीर्थयात्रियों की नज़र से
इसलिए हमने यरदन को बहुत धुँधला देखा। उसके किनारों की झाड़ियों के घने झुरमुटों ने उसके उथले, उफनते पानी पर अपनी छाया डाल रखी थी … और हम आँख से धारा की चौड़ाई का अनुमान नहीं लगा सकते थे।मार्क ट्वेन, द इनोसेंट्स अब्रॉड, 1869 · हमारा अनुवाद
यरदन तेज़ बहती है; उसके किनारे उस पार खड़ी ढलान वाले और इस पार धीमी ढलान वाले हैं … हर बात में यरदन स्नोव नदी जैसी है, चौड़ाई में भी और गहराई में भी, और वह स्नोव की तरह घुमावदार और बहुत तेज़ बहती है। नहाने के स्थान के बीच में वह 4 साझेन गहरी है, जैसा मैंने स्वयं नापकर और परखकर देखा।मठाधीश दानिय्येल, 1106–1108 · हमारा अनुवाद
यात्रा से पहले अपने देश की यात्रा सलाह देख लें। स्थानों के समय और नियम बदलते रहते हैं — उनके आधिकारिक पृष्ठ देखें।
भूमि की रूपरेखा: Natural Earth (सार्वजनिक डोमेन)।