पंखों और लम्बे वस्त्रों वाले तीन युवक साथ खड़े हैं।
कला में बाइबल · उत्पत्ति
अब्राहम और तीन स्वर्गदूत
लुकास वान लेडेन · c. 1513
नेशनल गैलरी ऑफ़ आर्ट, वॉशिंगटन
लुकास वान लेडेन ने यह प्लेट लगभग 1513 में लाइडन में उत्कीर्ण की। तीन ऊँची आकृतियाँ लगभग पूरा पन्ना भर देती हैं, और उनके वस्त्रों पर प्रकाश ब्यूरिन की लम्बी, घुमावदार रेखाओं में पड़ता है।
तीनों अतिथि पास-पास खड़े हैं, पंखोंवाले और नंगे पाँव। बूढ़ा अब्राहम भारी वस्त्र पहने उनके आगे घुटने टेके है, हाथ अपनी लाठी पर रखे। उनके पीछे केवल एक पथरीली ढलान और एक टूटी दीवार है।
पाठ से
- अब्राहम ने “आँख उठाकर दृष्टि की तो क्या देखा, कि तीन पुरुष उसके सामने खड़े हैं” (उत्पत्ति 18:2)
- उसने भूमि पर गिरकर दण्डवत् की (उत्पत्ति 18:2)
- “अपने दास के पास से चले न जाना” (उत्पत्ति 18:3)
कलाकार का अपना
- अतिथि पंखोंवाले स्वर्गदूतों के रूप में, जैसा उस समय के चित्रकार प्रायः करते थे — पाठ पहले उन्हें “तीन पुरुष” कहता है
- न तम्बू, न मम्रे के बांजवृक्ष — केवल एक पथरीली ढलान पर भेंट
- लुकास के अपने समय का फ़र-कॉलर वाला वस्त्र पहने अब्राहम
विवरण
एक बूढ़ा दाढ़ीवाला पुरुष उनके आगे घुटने टेके है, हाथ लाठी पर।
बड़े पंखों का हर पर रेखा में उत्कीर्ण है।
अतिथि भूमि पर नंगे पाँव खड़े हैं।
Lucas van Leyden, Netherlandish, c. 1489/94–1533. National Gallery of Art, Washington (Rosenwald Collection, 1943.3.5610) · Engraving · NGA Open Access: "Images of these works are available free of charge for any use, commercial or non-commercial, under Creative Commons Zero (CC0)." (NGA open data: published_images.csv openaccess = 1)
