दो व्यक्ति डण्डों से मुकुट को नीचे ठूँसते हैं।
कला में बाइबल · मत्ती
काँटों का मुकुट पहनाया गया यीशु
आल्ब्रेख़्त ड्यूरर · 1512
मेट्रोपॉलिटन म्यूज़ियम ऑफ़ आर्ट, न्यूयॉर्क
ड्यूरर ने काँटों का मुकुट पहनाने का यह दृश्य 1512 में उत्कीर्ण किया, जिस वर्ष उन्होंने अपने ‘उत्कीर्ण दुःखभोग’ की अधिकांश प्लेटें बनाईं। प्लेट बहुत छोटी है, पर हर चेहरे का अपना भाव है।
यीशु लबादे में लिपटा एक सीढ़ी पर बैठा है, हाथ में एक पतली छड़ी लिए। एक व्यक्ति डण्डे से मुकुट को नीचे दबाता है, दूसरा दोफाँकी लकड़ी से उसे ठूँसता है, और आगे एक युवक उपहास में आदर दिखाते हुए घुटने टेके है।
पाठ से
- “काँटों का मुकुट गूँथकर उसके सिर पर रखा” (मत्ती 27:29)
- उसके हाथ में सरकण्डा और उपहास करने को घुटने टेकते लोग (मत्ती 27:29)
कलाकार का अपना
- लम्बे डण्डों से दबाया जाता मुकुट, उस समय के चित्रकारों की एक रीति
- किनारे पर पगड़ियों वाले दर्शक
- ऊपर एक तख़्ती पर 1512 की तिथि
विवरण
यीशु एक पतली छड़ी थामे है।
एक युवक उसके आगे घुटने टेके है।
एक तख़्ती पर वर्ष; नीचे बाईं ओर दूसरी पर मोनोग्राम।
Albrecht Dürer, German, 1471–1528. The Metropolitan Museum of Art, New York (Fletcher Fund, 1919; acc. 19.73.9) · Engraving · Public Domain — The Met Open Access (CC0). The Met Collection API record: "isPublicDomain": true; The Met marks such works on its website "with the Creative Commons Zero (CC0) icon".
